Search
  • Noida, Uttar Pradesh,Email- masakalii.lifestyle@gmail.com
  • Mon - Sat 10.00 - 22.00

Tag Archives: heat stroke

How beneficial is onion consumption in case of heat stroke

Onion for Heat Stroke: क्या गर्मी में आपको भी सिरदर्द, सिर घूमना या जी मिचलाने जैसी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है? अगर आपका जवाब हां है तो ये लू लगने के लक्षण हो सकते हैं। गर्मी के दिन आते ही लू का खतरा काफी बढ़ जाता है। गर्म हवाएं, तेज धूप और शरीर में पानी की कमी से हेल्थ को गंभीर नुकसान पहुंचा सकती है। बता दें कि हीट स्ट्रोक तब लगती है, जब शरीर का तापमान बहुत अधिक बढ़ जाता है और शरीर खुद को ठंडा नहीं कर पाता है। ऐसे हालत में तेज बुखार, चक्कर आना, सिर दर्द, जी मिचलाना और कमजोरी जैसे सिंपटम महसूस हो सकते हैं। ऐसी स्थिति में फौरन इलाज की जरूरत पड़ती है। ऐसे में अक्सर घरों में एक पुराना नुस्खा अपनाया जाता है- प्याज का सेवन। पर, क्या वाकई प्याज खाने से हीट स्ट्रोक से राहत मिल सकती है? आइये जानते हैं प्याज खाने से लू से कितना संभव है बचाव?

लू लगने पर प्याज खाना कितना असरदार?

How beneficial is onion consumption in case of heat stroke

गर्मी में प्याज खाने की सलाह दी जाती है। कहा जाता है कि प्याज खाने से लू से बचाव होता है और गर्मी कम लगती है। दरअसल, प्याज में एंटीऑक्सीडेंट्स, सल्फर कंपाउंड्स और हल्का कूलिंग इफेक्ट होता है, जिससे लू से बचा जा सकता है।

लू से बचाव के लिए कच्चा प्याज खाना फायदेमंद होता है।
प्याज का रस पीने से भी लू से बचाव संभव है।
कई लोग तलवों और माथे पर प्याज का रस लगाने की सलाह देते हैं।

इन बातों का रखें ध्यान

  • प्याज खाने से शरीर को ठंडक मिलती है। इसलिए आपको समर डाइट में प्याज जरूर शामिल करें।
  • प्याज खाने से तेज बुखार या हीट स्ट्रोक के लक्षणों को कम नहीं किया जा सकता है।
  • गर्मी की वजह से होने वाली बेहोशी को प्याज खाकर ठीक नहीं किया जा सकता है।
  • प्याज लू का इलाज नहीं है। बल्कि, प्याज खाने से लू से काफी हद तक बचा जा सकता है।

लू लगने पर क्या करना चाहिए?

  1. अगर आपको लू के लक्षण महसूस हो रहे हैं, तो कुछ बातों का ध्यान रखें।
  2. ठंडी जगह पर बैठें और आराम करें।
  3. शरीर को ठंडा करें। आप नहा सकते हैं या शरीर को गीले कपड़े से पोंछ सकते हैं।
  4. ओआरएस का पानी पिएं। आप नारियल पानी और नींबू पानी भी पी सकते हैं।

वैसे तो लू को इन टिप्स से ही ठीक किया जा सकता है। लेकिन कुछ गंभीर मामलों में लू लगने पर अस्पताल में भर्ती की जरूरत पड़ सकती है।

हीट स्ट्रोक से बचने के लिए क्या करें?

  • लू से बचने के लिए दिन में 12 से 4 बजे के बीच में बाहर जाने से बचें।
  • दिनभर खूब सारा पानी पिएं। लिक्विड डाइट पर फोकस करें।
  • हल्के और ढीले कपड़े पहनें।
  • छाता या टोपी का इस्तेमाल करें।
  • डाइट में प्याज, दही, छाछ, तरबूज आदि शामिल करें।

अगर आपको भी गर्मी में अक्सर ही लू से जुड़ी समस्या रहती है, तो प्याज का सेवन करना फायदेमंद हो सकता है। प्याज का सेवन करने से शरीर को ठंडक मिलती है और लू से बचाव होता है।

फोटो सौजन्य- गूगल

Government's alert on the havoc of heat

गर्मी का कहर दिनों दिन बढ़ रहा है और इसी वजह से दिल्ली का तापमान 48 डिग्री तक जा पहुंचा है। यहां कई इलाकों में हद से ज्यादा गर्मी बढ़ने से लू के कारण रेड अलर्ट घोषित किया गया है। चिलचिलाती गर्मी जहां निर्जलीकरण का कारण बनती है। वहीं, बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक में तेज़ धूप और गर्मी के कारण सिरदर्द और डायरिया का जोखिम बढ़ रहा है। जानते हैं हीट एग्जॉर्शन के नुकसान और इससे बचने के उपाय।

सेहत के लिए नुकसानदेह है गर्मी का बढ़ना

अत्याधिक गर्मी के संपर्क में रहने से शरीर में हीट स्ट्रोक का खतरा बना रहता है। वर्ल्ड हेल्थ ऑर्गनाइजेशन के मुताबिक गर्मी का प्रभाव बढ़ने से पैरों में क्रैंप्स, चक्कर आना, सिरदर्द और डिज़िनेस बढ़ने लगती है। इंटरनल मेडिसिन एक्सपर्ट के मुताबिक हीट स्ट्रोक के कारण अक्सर बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक सभी को थकान महसूस होना, अत्यधिक पसीना और हीट क्रैप्स का सामना करना पड़ता है।

इस बारे में फिजीशियन बताती हैं कि तापमान बढ़ने के चलते शरीर का थर्मोरेग्यूलेशन असंतुलित होने लगता है। जिससे हीटस्ट्रोक की समस्या का सामना करना पड़ता है। ऐसी स्थिति में गर्भवती महिलाओं, हृदय रोगियों, बच्चों और बुजुर्गों को इस समस्या से बचने के लिए कुछ खास बातों का ध्यान रखना आवश्यक है।

हीट एग्जॉर्शन से बचने के लिए शरीर में इलेक्‍ट्रोलाइटस की मात्रा को बनाए रखना ज़रूरी है। इससे शरीर हाइड्रेट रहता है।

जानते हैं हीट स्ट्रोक से बचने के कुछ खास उपाय

1. सिर को अच्छे से ढकें

विश्व स्वास्थ्य संगठन के मुताबिक धूप के संपर्क में आने से सिर, आंखों, स्किन, बालों और होठों पर बुरा असर नज़र आने लगता है। ऐसे में तेज़ गर्मी से बचने के लिए स्कार्फ, कैप, हैट और छाते का प्रयोग करें। अलावा इसके आंखों को प्रोटेक्ट करने के लिए काला चश्मा ज़रूर पहनें। साथ ही दोपहर के समय बाहर निकलने से भी बचना चाहिए।

2. बाहरी एक्टीविटी से बचें

Government's alert on the havoc of heat

लू से शरीर को बचाने के लिए आउटडोर खेलों से बचें। इससे शरीर में निर्जलीकरण का जोखिम कम हो जाता है। लगातार बढ़ते तापमान को देखते हुए इनडेर खेलों में हिस्सा लें और शरीर को ठंडा रखने की कोशिश करें। अन्यथा थकान, चक्कर आने और बेहोशी का सामना करना पड़ सकता है।

3. ठंडे शरबत का सेवन करें

आहार में नींबू पानी, नारियल पानी, बेल का शरबत और सत्तू जैसे नेचुरल ड्रिंक्स को अपने रूटीन में शामिल करें। इससे शरीर में इलेक्‍ट्रोलाइटस का नियमित स्तर बना रहता है। इसके अलावा मौसमी फलों और सब्जियों का सेवन करनें इससे डाइजेशन बूसट करने में मदद मिलती है।

4. बाहर का खाना खाने से करें परहेज़

फ्रेस और घर का पका खाना खाने से शरीर नॉज़िया, सिरदर्द डायरिया के खतरे से बचा रहता है। ऐसे में मसालेदार और ऑयली खाना खाने की जगह हल्का खाना खाएं और घर का पका खाना आहार में शामिल करे। इसके अलावा किसी भी मील को स्किप करने से बचें। इससे शरीर में एनर्जी की कमी को सामना करना पड़ता है। साथ ही कमज़ोरी और थकान बढ़ने लगती है।

गर्मी में बुजुर्गों का इस प्रकार से रखें ख्याल

तेज़ धूप में बाहर निकलने से अक्सर बचें। इससे शरीर में थकान बढ़ने लगती है और शरीर का संतुलन खोने लगता है। इससे चक्कर आने की संभावना बनी रहती है।
बासी खाना खाने से बचें और घर का पका ताज़ा और हल्का खाना अपने आहार में शामिल करें।
ज्यादा मात्रा में चाय और कॉफी का सवेन करने से बचें। इससे शरीर में निर्जलीकरण का खतरा बना रहता है।
कमरे का तापमान गर्म न रहने दें। शरीर का ठंडा रखने के लिए एयर कंडीशनर, कूलर और पंखे के सामने बैठें।
हल्के रंगों और ब्रीथएबल फ्रब्रिक यानि कॉटन के कपड़े पहनें। इससे शरीर गर्मी के प्रकोप से दूर रहता है।

बच्चों का गर्मी में ऐसे रखें ख्याल

  • धूप में निकलने से बचें। इससे बच्चों में डिहाइड्रेशन का खतरा बना रहता है। घर से बाहर निकलने से पहने पानी की बोतल अपने साथ रखें।
  • गर्मी में लगातार खेलने से बच्चो में थकान बढ़ने लगती है। ऐसे में दिन में कुछ देर उनके आराम के लिए समय निकालें। इससे बच्चे के शरीर में एनर्जी बनी रहती है।
  • शाम के समय आउटडोर एक्टीविटीज़ के लिए जाएं। उस समय तापमान कम होने लगता है, जिससे शरीर में लू का खतरा कम हो जाता है।
  • प्रोसेस्ड फूड और शुगरी पेय पदार्थों का सेवन करने से बचें। इसकी जगह प्राकृतिक पेय पदार्थ पीएं और हेल्दी मील लें।

फोटो सौजन्य- गूगल